Waqf amendment Bill: वक्फ संशोधन बिल को लेकर पूरे देश में नया विवाद छिड़ गया है। देश की सियासत इसको लेकर पूरी तरह से गरमा गई है। बीजेपी के साथ साथ अब नीतीश कुमार की पार्टी जेडीयू भी मुसलमानों के निशाने पर आ गई है। शिया धर्म गुरु और मजलिस-ए-उलमा-ए-हिंद के महासचिव मौलाना कल्बे जवाद ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर मुसलमानों को धोखा देने का आरोप लगाया है।
दरअसल, वक्फ संशोधन बिल लोकसभा में पास हो चुका है और अब राज्यसभा में इस पर चर्चा हो रही है। इसके बाद वोटिंग होगी। इस बीच, इस बिल का शिया धर्म गुरु और मजलिस-ए-उलमा-ए-हिंद के महासचिव मौलाना कल्बे जवाद ने विरोध किया है। उन्होंने कहा कि इस बिल में सबसे खतरनाक बात यह है कि जो कातिल है, वही मुंसिफ है। जो सरकारी आदमी है, वह हमेशा सरकार का पक्ष ही लेगा, यह धांधली है।
मौलाना कल्बे जवाद ने कहा कि वक्फ पब्लिक की तरफ से अल्लाह को दान दिया जाता है, और मंदिरों में हजारों किलो सोना है, जिसे गरीब हिंदुओं में बांटना चाहिए। उन्होंने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर हमला बोलते हुए कहा कि उन्होंने गद्दारी की है।
शिया धर्म गुरु ने यह भी कहा कि तीन मंदिरों की प्रॉपर्टी वक्फ की प्रॉपर्टी से ज्यादा है, और मंदिरों की प्रॉपर्टी हिंदुओं में बांटी जाए। मंदिरों में जो सोना है, वह पब्लिक ने दान दिया है, इसलिए सरकार इसे छू नहीं सकती। पब्लिक प्रॉपर्टी ही सरकारों को दी जा रही है। वहीं, वजीर-ए-आजम ने कहा कि वक्फ का धर्म से कोई लेना-देना नहीं है, और यह झूठ है। इसको लेकर कई फतवे भी जारी किए गए हैं। सरकार वक्फ के मामलों में दखल नहीं दे सकती।
मौलाना कल्बे जवाद ने यह भी कहा कि मुस्लिम समुदाय को धोखा दिया जा रहा है। मुस्लिमों को वक्फ दे दो, यह काफी है। अब हुकूमत से कोई उम्मीद नहीं बची है। नीतीश कुमार ने गद्दारी की है, और मुस्लिम इसे कभी नहीं भूलेंगे। ऐसे लोगों को सजा मिलेगी, ताकि वे फिर कभी गद्दारी नहीं करेंगे। यह एक धार्मिक मामला है और हम सुप्रीम कोर्ट जाएंगे, क्योंकि हमारे धर्म में हस्तक्षेप किया जा रहा है। उनके अनुसार, सुन्नी और दलित भी हमारे साथ हैं।